आज के समय में पारंपरिक खेती के मुकाबले वैज्ञानिक तरीकों से खेती करना ज्यादा फायदेमंद साबित हो रहा है। अगर आप भी लौकी की खेती करते हैं, तो मचान विधि (Trellis Method) आपके लिए गेम-चेंजर साबित हो सकती है।
मचान विधि का सीधा मतलब है पौधों को जमीन के बजाय ऊंचाई पर सहारा देना। इसमें बांस, तारों और रस्सियों का एक ढांचा तैयार किया जाता है, जिस पर लौकी की बेलें चढ़ाई जाती हैं।
मचान बनाने के लिए आपको इन स्टेप्स को फॉलो करना होगा:
| सुझाव | विवरण |
|---|---|
| सिंचाई विधि | ड्रिप सिस्टम सबसे अच्छा है ताकि जड़ों में नमी बनी रहे। |
| 3G कटिंग | ज्यादा मादा फूलों के लिए 3G कटिंग तकनीक अपनाएं। |
| कीट नियंत्रण | नीम के तेल का स्प्रे करें। |
अगर आप खेती को एक बिजनेस की तरह देखते हैं, तो मचान विधि आपके मुनाफे को कई गुना बढ़ा सकती है। इससे न केवल लागत कम होती है, बल्कि बाजार में आपकी फसल की डिमांड भी बढ़ती है।
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